IGIMS Patna Swasthya
3.1 चिकित्सा 2 सितंबर 2026 को अपडेट किया गया
स्क्रीनशॉट्स
खूबियाँ
- ओपीडी सेवाओं और डॉक्टरों की जानकारी मोबाइल पर आसानी से मिलती है।
- अस्पताल की सेवाओं तक पहुंचने के लिए उपयोगी आधिकारिक माध्यम।
- मरीजों और परिजनों के लिए समय व कतार प्रबंधन में मददगार।
- सरकारी अस्पताल से जुड़ी सूचनाएं एक ही जगह उपलब्ध होती हैं।
- आपात स्थिति में अस्पताल संबंधी जरूरी जानकारी जल्दी मिल सकती है।
कमियाँ
- ऐप की उपयोगिता मुख्य रूप से IGIMS पटना से जुड़े मरीजों तक सीमित है।
- कुछ सुविधाओं के लिए स्थिर इंटरनेट कनेक्शन जरूरी हो सकता है।
- सभी ऑनलाइन सेवाएं हर समय उपलब्ध या पूरी तरह सक्रिय नहीं हो सकतीं।
- तकनीकी समस्या होने पर बुकिंग या जानकारी देखने में देरी हो सकती है।
- वरिष्ठ उपयोगकर्ताओं के लिए इंटरफेस और नेविगेशन थोड़ा कठिन लग सकता है।
विश्लेषणकर्ता Mobexer
अगर आप इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना में इलाज या अस्पताल से जुड़ी जानकारी के लिए एक आधिकारिक डिजिटल रास्ता चाहते हैं, तो IGIMS Patna Swasthya का उद्देश्य सीधा और उपयोगी लगता है। मैंने इसे किसी सामान्य स्वास्थ्य-सलाह ऐप की तरह नहीं, बल्कि एक खास संस्थान से जुड़े सहायक ऐप के रूप में देखा। यही इसकी सबसे बड़ी ताकत है और यही इसकी सीमा भी: इसका मूल्य उन लोगों के लिए सबसे अधिक है जिनका काम IGIMS पटना से जुड़ा है।
यह चिकित्सा श्रेणी का निःशुल्क ऐप है, जिसे CDAC Noida ने विकसित किया है। इसकी स्टोर पहचान का केंद्र इंदिरा गांधी आयुर्विज्ञान संस्थान, पटना, बिहार है, इसलिए इसे पूरे देश के लिए सामान्य डॉक्टर-खोज, ऑनलाइन परामर्श या स्वास्थ्य-निगरानी मंच समझना सही नहीं होगा। मेरे विचार से इसे अस्पताल-विशिष्ट जानकारी तक पहुंच आसान बनाने वाले साधन के रूप में देखना चाहिए।
IGIMS Patna Swasthya को इस्तेमाल करने का मेरा अनुभव
पहली नजर में इसका उद्देश्य साफ दिखाई देता है
ऐसे अस्पतालों में मरीज और परिजन अक्सर कई अलग-अलग सवालों से जूझते हैं—कहां जाना है, किस विभाग से संपर्क करना है, अगला कदम क्या होगा और जानकारी किस स्रोत से लेनी चाहिए। अस्पताल की इमारत, काउंटर और फोन नंबरों पर निर्भर रहने के बजाय एक संस्थान-केंद्रित ऐप इस प्रक्रिया को व्यवस्थित कर सकता है। इस ऐप को देखते हुए मुझे यही इसकी व्यावहारिक भूमिका लगी।
इसका नाम भी उपयोगकर्ता को तुरंत संकेत देता है कि यह IGIMS पटना से संबंधित स्वास्थ्य सेवा ऐप है। यह छोटी बात नहीं है। जब किसी परिवार को इलाज के बीच जल्दी से सही संस्थान-संबंधी जानकारी चाहिए, तब ऐप का स्पष्ट संदर्भ भ्रम कम कर सकता है। खास तौर पर वे लोग जो पटना से बाहर से आते हैं और अस्पताल की व्यवस्था से पहले से परिचित नहीं हैं, उनके लिए एक केंद्रीकृत डिजिटल माध्यम उपयोगी हो सकता है।
हालांकि, मैं इसे बीमारी का निदान करने वाला या आपातकालीन चिकित्सा निर्णय लेने वाला ऐप नहीं मानूंगा। गंभीर लक्षणों की स्थिति में ऐप खोलकर उत्तर खोजने में समय गंवाना ठीक नहीं है। अस्पताल की आपात सेवा, डॉक्टर या स्थानीय चिकित्सा सहायता से सीधे संपर्क करना अधिक उचित रहेगा। यह फर्क समझना जरूरी है, क्योंकि “स्वास्थ्य” नाम वाले कई ऐप उपयोगकर्ता को व्यक्तिगत सलाह देने का आभास देते हैं, जबकि इस ऐप की पहचान एक विशिष्ट संस्थान से जुड़ी है।
दैनिक उपयोग का एक वास्तविक उदाहरण
मान लीजिए किसी मरीज की जांच या फॉलो-अप के लिए परिवार को सुबह IGIMS पहुंचना है। मरीज पहले भी अस्पताल जा चुका है, लेकिन परिजन साथ में नया है और उसे विभागीय प्रक्रिया की जानकारी नहीं है। ऐसे में ऐप को यात्रा से पहले देखना एक छोटा-सा तैयारी कदम बन सकता है। मैं सलाह दूंगा कि घर से निकलने से पहले उपलब्ध जानकारी पढ़ लें, जरूरी कागजों की सूची अपने तरीके से तैयार करें और फिर अस्पताल पहुंचकर मौके पर मिलने वाले निर्देशों से उसका मिलान करें।
यहां एक उपयोगी आदत यह होगी कि ऐप को अस्पताल के गेट पर पहली बार खोलने के बजाय पहले ही देख लिया जाए। अस्पताल परिसर में नेटवर्क, भीड़ या जल्दबाजी के कारण जानकारी पढ़ना कठिन हो सकता है। पहले से स्क्रीन पर जरूरी बातों को समझ लेने से परिजन काउंटर पर अधिक स्पष्ट सवाल पूछ पाएंगे। यह कोई चमकदार सुविधा नहीं, लेकिन अस्पताल-केंद्रित ऐप का वास्तविक लाभ अक्सर इसी तरह के छोटे workflow में मिलता है।
दूसरा अच्छा उपयोग फॉलो-अप यात्रा की तैयारी है। पहली मुलाकात के बाद परिवार के पास कई कागज, पर्चियां और मौखिक निर्देश होते हैं। अगली यात्रा से पहले ऐप में संस्थान-संबंधी जानकारी देखना उन्हें यह तय करने में मदद कर सकता है कि किस चीज की दोबारा पुष्टि करनी है। फिर भी, मैं ऐप में दिखाई देने वाली जानकारी को डॉक्टर की लिखित सलाह या अस्पताल के ताजा निर्देशों का विकल्प नहीं बनाऊंगा।
किस बात पर इसका भरोसा बनता है
इस ऐप की सबसे मजबूत बात इसका विशिष्ट फोकस है। सामान्य स्वास्थ्य ऐप अक्सर लेख, फिटनेस सुझाव, दवा अनुस्मारक या डॉक्टर खोज जैसी कई दिशाओं में फैल जाते हैं। यहां उपयोगकर्ता का ध्यान IGIMS पटना से जुड़े काम पर रहना चाहिए। यदि आपका उद्देश्य इसी संस्थान की सेवाओं और संपर्क-संबंधी जानकारी को समझना है, तो यह फोकस भटकाव घटा सकता है।
डेवलपर के रूप में CDAC Noida का नाम भी इसे किसी अनजान व्यक्तिगत प्रोजेक्ट से अलग पहचान देता है। मैं केवल नाम देखकर गुणवत्ता की गारंटी नहीं दूंगा, लेकिन संस्थान-केंद्रित सार्वजनिक सेवा ऐप में तकनीकी विकासकर्ता की स्पष्ट पहचान भरोसे का एक आधार जरूर बनती है। उपयोगकर्ता को यह भी पता रहता है कि ऐप किस संदर्भ में बनाया गया है, न कि वह किसी अस्पष्ट स्वास्थ्य ब्रांड के पीछे छिपा हुआ है।
इसे अपनाने का एक और व्यावहारिक कारण इसकी पहुंच है। यह निःशुल्क उपलब्ध है, इसलिए अस्पताल से जुड़ी जानकारी देखने के लिए अलग भुगतान बाधा नहीं बनती। उम्र के लिहाज से इसे 3+ के लिए रेट किया गया है, जो यह संकेत देता है कि इसकी प्रस्तुति सामान्य उपयोग के लिए है, न कि किसी वयस्क-विशेष चिकित्सा सामग्री के लिए। फिर भी, बच्चे या बुजुर्ग इसे इस्तेमाल कर रहे हों तो जानकारी समझने और सही कार्रवाई करने की जिम्मेदारी साथ आए वयस्क की ही होगी।
उपयोगकर्ता प्रतिक्रिया को कैसे पढ़ना चाहिए
ऐप का औसत मूल्यांकन 3.1 है, जो मुझे मिश्रित अनुभव का संकेत देता है। इसे न तो असफलता का प्रमाण मानना चाहिए, न ही बिना जांचे भरोसे का कारण। अस्पताल ऐप में उपयोगकर्ता की संतुष्टि इस बात पर बहुत निर्भर करती है कि उसे किस क्षण क्या चाहिए था। किसी व्यक्ति को सही दिशा मिल सकती है, जबकि दूसरे को ताजा या पर्याप्त जानकारी न मिलने पर निराशा हो सकती है।
इस ऐप पर लगभग 429 रेटिंग और 288 समीक्षाएं दर्ज हैं। इन संख्याओं को देखते हुए मैं इसे पूरी तरह अनजमा या बिना उपयोगकर्ता आधार वाला ऐप नहीं कहूंगा, लेकिन प्रतिक्रिया का स्तर ऐसा भी नहीं है कि हर अनुभव समान रूप से अच्छा मान लिया जाए। मेरी सलाह है कि पहली बार इस्तेमाल करते समय एक ही स्रोत पर निर्भर न रहें। ऐप से जानकारी लें, फिर अस्पताल की आधिकारिक सूचना, पंजीकरण काउंटर या फोन पर मिली पुष्टि से जरूरी बात जांच लें।
यही तरीका कम रेटिंग वाले किसी भी संस्थान-ऐप के साथ समझदारी भरा है। रेटिंग से अधिक महत्वपूर्ण यह है कि ऐप आपके खास काम में मदद कर रहा है या नहीं। यदि आपको केवल IGIMS का पता या सामान्य पहचान चाहिए, तो ऐप का मूल्य सीमित हो सकता है। यदि आप नियमित मरीज हैं और अस्पताल से जुड़े डिजिटल निर्देश बार-बार देखते हैं, तो वही ऐप आपके लिए अधिक उपयोगी साबित हो सकता है।
सबसे महत्वपूर्ण कमजोरी: इसका दायरा सीमित है
मेरी सबसे बड़ी आपत्ति यह है कि उपयोगकर्ता इसे नाम देखकर व्यापक स्वास्थ्य मंच समझ सकता है। यह सामान्य स्वास्थ्य परामर्श, दूसरी राय, दवा की व्यक्तिगत समीक्षा या हर शहर में डॉक्टर खोजने के लिए सही विकल्प नहीं है। यदि आपका लक्ष्य वीडियो परामर्श, लैब रिपोर्ट का विश्लेषण, फिटनेस ट्रैकिंग या दवाओं का स्वचालित प्रबंधन है, तो आपको दूसरी तरह के ऐप की जरूरत होगी।
यह सीमा वास्तव में ऐप के उद्देश्य से जुड़ी है, इसलिए इसे दोष कहते समय सावधानी चाहिए। अस्पताल-विशिष्ट ऐप से हर स्वास्थ्य सुविधा की अपेक्षा करना उचित नहीं होगा। फिर भी, नए उपयोगकर्ता के लिए यह स्पष्ट होना चाहिए कि ऐप को इलाज का डिजिटल विकल्प नहीं समझना है। मैं इसे अस्पताल तक पहुंचने और संस्थान-संबंधी जानकारी समझने की तैयारी का हिस्सा मानूंगा, चिकित्सा निर्णय का केंद्र नहीं।
दूसरी व्यावहारिक सावधानी जानकारी की ताजगी है। अस्पतालों में विभाग, काउंटर, समय-सारिणी और प्रक्रियाएं बदल सकती हैं। किसी भी ऐप में दिखाई देने वाली सूचना को यात्रा के दिन की वास्तविक स्थिति से मिलाना समझदारी है। खासकर दूर से आने वाले मरीजों को निकलने से पहले पुष्टि कर लेनी चाहिए, क्योंकि गलत जानकारी का असर केवल कुछ मिनट की असुविधा नहीं, पूरी यात्रा और उपचार-क्रम पर पड़ सकता है।
तीसरी बात यह है कि अस्पताल की जटिलता ऐप से पूरी तरह गायब नहीं हो सकती। मरीज को फिर भी पंजीकरण, दस्तावेज, कतार और विभागीय निर्देशों का सामना करना पड़ सकता है। ऐप इन चरणों को आसान बना सकता है, लेकिन वह अस्पताल परिसर में मानवीय सहायता की जगह नहीं लेता। मेरे लिए यह एक महत्वपूर्ण trade-off है: डिजिटल तैयारी बेहतर होती है, पर मौके पर मिलने वाले निर्देशों को नजरअंदाज करना जोखिमपूर्ण हो सकता है।
संस्करण और उपयोग की तैयारी
वर्तमान संस्करण 3.3 है और यह Android 10 या उससे ऊपर के संस्करण पर चलता है। इसलिए पुराने फोन वाले उपयोगकर्ता को इंस्टॉल करने से पहले अपने डिवाइस की संगतता देखनी चाहिए। यह खास तौर पर उन परिवारों के लिए महत्वपूर्ण है जो अस्पताल जाने के लिए किसी बुजुर्ग के पुराने फोन का इस्तेमाल करते हैं। यदि ऐप उस फोन पर नहीं चलता, तो पहले से किसी दूसरे संगत फोन पर इसे तैयार रखना बेहतर होगा।
मैंने ऐसे उपयोग के लिए एक सरल तैयारी सुझाऊंगा: घर से निकलने से पहले ऐप खोलें, जरूरी पन्नों को पढ़ें, फोन की बैटरी पर्याप्त रखें और अस्पताल पहुंचने के बाद दिखाई देने वाले निर्देशों से तुलना करें। यदि परिवार में कई लोग हैं, तो एक व्यक्ति को ऐप की जानकारी संभालने वाला तय कर दें। इससे मरीज को बार-बार वही सवाल पूछने या अलग-अलग परिजनों के बीच विरोधी जानकारी फैलने की संभावना घट सकती है।
100K+ इंस्टॉल यह दिखाते हैं कि ऐप की पहुंच केवल कुछ कर्मचारियों या तकनीकी उपयोगकर्ताओं तक सीमित नहीं रही है। फिर भी इंस्टॉल की संख्या को सक्रिय उपयोग या संतुष्टि का प्रमाण नहीं मानना चाहिए। अस्पताल ऐप अक्सर लोग किसी एक यात्रा के लिए डाउनलोड करते हैं। मेरे अनुसार इसकी वास्तविक सफलता इस बात में है कि अगली बार उपयोगकर्ता को सही जानकारी कितनी जल्दी मिलती है और वह जानकारी उसके काम की कितनी होती है।
किसके लिए यह ऐप सबसे अच्छा है
यह ऐप IGIMS पटना के नियमित मरीजों, उनके परिजनों और पहली बार संस्थान जाने वाले लोगों के लिए सबसे अधिक उपयुक्त है। यदि आपके घर में कोई व्यक्ति वहां इलाज करा रहा है, तो इसे फोन में रखना व्यावहारिक है। आपको हर दिन इसे खोलने की जरूरत नहीं होगी, लेकिन अपॉइंटमेंट, जांच या फॉलो-अप से पहले इसकी जानकारी देखना उपयोगी हो सकता है।
पटना से बाहर से आने वाले परिवारों को इससे विशेष लाभ मिल सकता है, क्योंकि अस्पताल की प्रक्रिया उनके लिए परिचित नहीं होती। ऐसे उपयोगकर्ता ऐप को यात्रा-योजना के एक हिस्से के रूप में इस्तेमाल करें: पहले संस्थान-संबंधी जानकारी समझें, फिर कागजों और मरीज की जरूरतों की सूची बनाएं, और अंत में मौके पर पुष्टि करें। यह क्रम ऐप को वास्तविक काम में बदलता है, केवल फोन में पड़े आइकन में नहीं।
स्वास्थ्य क्षेत्र के विद्यार्थी या अस्पताल से जुड़े लोग भी संस्थान के डिजिटल संचार को समझने के लिए इसे देख सकते हैं, लेकिन उन्हें इससे चिकित्सा पाठ्यपुस्तक या पेशेवर संदर्भ सामग्री की अपेक्षा नहीं करनी चाहिए। इसी तरह, कोई ऐसा व्यक्ति जिसे IGIMS से कोई संबंध नहीं है, उसके लिए यह ऐप सीमित उपयोग वाला रहेगा। उस स्थिति में सामान्य स्वास्थ्य ऐप, स्थानीय अस्पताल निर्देशिका या सीधे डॉक्टर से संपर्क करना अधिक उपयुक्त विकल्प हो सकता है।
किसे इसे छोड़ देना चाहिए
यदि आप व्यक्तिगत लक्षणों पर तुरंत चिकित्सकीय राय चाहते हैं, तो मैं इस ऐप को आपकी पहली पसंद नहीं बनाऊंगा। यह काम डॉक्टर, अस्पताल की हेल्पलाइन या प्रमाणित टेलीमेडिसिन सेवा के लिए है। इसी तरह, यदि आपको देशभर के अस्पतालों की तुलना, दवाओं की कीमत, फिटनेस लक्ष्य या स्वास्थ्य रिकॉर्ड का व्यापक प्रबंधन चाहिए, तो इसका संस्थान-केंद्रित ढांचा आपकी जरूरत पूरी नहीं करेगा।
जो उपयोगकर्ता हर जानकारी को ऐप के भीतर अंतिम और स्थायी मानना चाहते हैं, उन्हें भी सावधान रहना चाहिए। अस्पताल की वास्तविक प्रक्रिया में बदलाव संभव होते हैं और मरीज की स्थिति के अनुसार निर्देश अलग हो सकते हैं। मेरे लिए सही तरीका यह है कि ऐप को तैयारी और मार्गदर्शन का साधन माना जाए, जबकि अंतिम निर्णय संबंधित चिकित्सा टीम और अस्पताल के आधिकारिक निर्देशों पर छोड़ा जाए।
सामान्य विकल्पों की तुलना में इसका स्थान
सामान्य स्वास्थ्य ऐप का लाभ उनकी व्यापकता होती है। वे कई अस्पताल, डॉक्टर, स्वास्थ्य लेख या व्यक्तिगत ट्रैकिंग सुविधाएं एक जगह दे सकते हैं। बदले में, उपयोगकर्ता को बहुत-सी ऐसी सामग्री भी दिख सकती है जिसका उसके मौजूदा इलाज से कोई संबंध नहीं है। IGIMS Patna Swasthya का संभावित लाभ इसके उलट है: कम दायरा, लेकिन उसी संस्थान पर अधिक केंद्रित उपयोग।
सीधे अस्पताल की वेबसाइट, फोन कॉल या काउंटर से जानकारी लेने का लाभ यह है कि आपको तत्काल मानवीय पुष्टि मिल सकती है। नुकसान यह है कि फोन व्यस्त हो सकता है, काउंटर तक पहुंचने में समय लग सकता है और यात्रा से पहले जानकारी जुटाना कठिन हो सकता है। ऐप इन माध्यमों का प्रतिस्थापन नहीं, बल्कि उनके बीच का पहला कदम बन सकता है। मैं इसे “पहले डिजिटल जांच, फिर जरूरत पर मानवीय पुष्टि” वाले तरीके से इस्तेमाल करूंगा।
यदि आप पहले से किसी सामान्य स्वास्थ्य प्लेटफॉर्म का उपयोग करते हैं, तो उसे हटाकर यह ऐप रखने की जरूरत नहीं है। दोनों के काम अलग हो सकते हैं। सामान्य ऐप व्यक्तिगत स्वास्थ्य प्रबंधन में मदद कर सकता है, जबकि यह IGIMS से जुड़े संस्थागत काम के लिए अधिक प्रासंगिक है। सही चुनाव इस बात पर निर्भर करेगा कि आपकी तत्काल समस्या बीमारी को समझना है या अस्पताल की प्रक्रिया को समझना।
मेरी अंतिम राय
मेरे लिए IGIMS Patna Swasthya की स्पष्ट पहचान इसकी सबसे बड़ी उपलब्धि है। यह हर व्यक्ति के लिए जरूरी ऐप नहीं है, लेकिन IGIMS पटना से जुड़े मरीज और परिजन इसे उपयोगी तैयारी-साधन के रूप में देख सकते हैं। निःशुल्क उपलब्धता, संस्थान पर केंद्रित उद्देश्य और Android 10 या उससे ऊपर के फोन पर चलने वाला वर्तमान संस्करण इसे आजमाना आसान बनाते हैं।
साथ ही, 3.1 का औसत मूल्यांकन मुझे संतुलित अपेक्षा रखने की याद दिलाता है। मैं इसे डाउनलोड करके पहले देखूंगा कि मेरे काम की जानकारी कितनी स्पष्ट और ताजा है, फिर जरूरी बातों की अस्पताल से पुष्टि करूंगा। इसे आपातकालीन सलाह, डॉक्टर की जगह या सामान्य स्वास्थ्य सुपर-ऐप की तरह इस्तेमाल करना गलत अपेक्षा होगी।
मेरी सिफारिश सीधी है: अगर आपका इलाज या अस्पताल-सम्बंधी काम IGIMS पटना से जुड़ा है, तो यह ऐप फोन में रखने लायक है; अगर नहीं, तो इसका सीमित दायरा आपके लिए पर्याप्त कारण नहीं देगा। इसे सबसे अच्छा परिणाम तब मिलेगा जब आप इसे यात्रा से पहले की तैयारी, जानकारी की दोबारा जांच और परिजनों के बीच समन्वय के लिए इस्तेमाल करेंगे—न कि चिकित्सा निर्णय अकेले इसके भरोसे छोड़कर।
अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न
IGIMS Patna Swasthya ऐप क्या है और इसका उपयोग किस लिए किया जाता है?
IGIMS Patna Swasthya, इंदिरा गांधी इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज, पटना से जुड़ी स्वास्थ्य सेवाओं और मरीजों की सुविधाओं को डिजिटल रूप से उपलब्ध कराने वाला ऐप है। इसके माध्यम से उपयोगकर्ता अस्पताल से संबंधित जानकारी, सेवाओं, विभागों, डॉक्टरों, अपॉइंटमेंट या अन्य ऑनलाइन सुविधाओं तक पहुंचने का प्रयास कर सकते हैं। उपलब्ध विकल्प ऐप के संस्करण और अस्पताल की सक्रिय सेवाओं के अनुसार बदल सकते हैं।
क्या IGIMS Patna Swasthya से डॉक्टर की अपॉइंटमेंट ऑनलाइन बुक की जा सकती है?
ऐप में ऑनलाइन अपॉइंटमेंट या ओपीडी पंजीकरण जैसी सुविधा उपलब्ध हो सकती है, लेकिन यह सभी विभागों और सभी समयों के लिए अनिवार्य रूप से सक्रिय हो, ऐसा जरूरी नहीं है। अपॉइंटमेंट लेते समय मरीज का सही नाम, मोबाइल नंबर, पहचान संबंधी जानकारी और विभाग चुनना पड़ सकता है। बुकिंग पूरी होने के बाद तारीख, समय और पंजीकरण विवरण ध्यान से जांचें।
क्या इस ऐप से जांच रिपोर्ट, प्रिस्क्रिप्शन या मरीज का मेडिकल रिकॉर्ड देखा जा सकता है?
IGIMS Patna Swasthya में मरीजों को जांच रिपोर्ट, पर्ची, अस्पताल विजिट या अन्य स्वास्थ्य रिकॉर्ड देखने की सुविधा मिल सकती है, परंतु यह सुविधा अस्पताल के रिकॉर्ड सिस्टम और ऐप में आपके पंजीकृत विवरण पर निर्भर करती है। यदि रिपोर्ट दिखाई नहीं देती, तो सही मोबाइल नंबर या मरीज आईडी जांचें और आवश्यकता पड़ने पर अस्पताल के संबंधित काउंटर या सहायता केंद्र से संपर्क करें।
IGIMS Patna Swasthya ऐप इस्तेमाल करने के लिए किन जानकारियों और अनुमतियों की आवश्यकता होती है?
ऐप का उपयोग करने के लिए मोबाइल नंबर, मरीज पंजीकरण संख्या, अस्पताल द्वारा जारी यूएचआईडी या अन्य पहचान संबंधी जानकारी मांगी जा सकती है। कुछ सुविधाओं के लिए इंटरनेट, नोटिफिकेशन और कभी-कभी कैमरा या स्टोरेज जैसी अनुमतियां आवश्यक हो सकती हैं। डाउनलोड करने से पहले ऐप केवल आधिकारिक स्रोत से इंस्टॉल करें और अनावश्यक अनुमति मांगे जाने पर सावधानी बरतें।
अगर ऐप में लॉगिन, अपॉइंटमेंट या भुगतान से जुड़ी समस्या आए तो क्या करना चाहिए?
सबसे पहले इंटरनेट कनेक्शन जांचें, ऐप को अपडेट करें और सही मोबाइल नंबर या मरीज विवरण से दोबारा लॉगिन करने का प्रयास करें। अपॉइंटमेंट या भुगतान के दौरान राशि कट जाए लेकिन पुष्टि न मिले, तो तुरंत दोबारा भुगतान करने के बजाय लेनदेन स्थिति जांचें और रसीद या स्क्रीनशॉट सुरक्षित रखें। समस्या जारी रहने पर IGIMS पटना के आधिकारिक हेल्पडेस्क या अस्पताल प्रशासन से संपर्क करें।











