SelectionWay x Test RanKING

4.5 शिक्षा 2 सितंबर 2026 को अपडेट किया गया

SelectionWay x Test RanKING icon
विज्ञापन

स्क्रीनशॉट्स

SelectionWay x Test RanKING screenshot
SelectionWay x Test RanKING screenshot
SelectionWay x Test RanKING screenshot

खूबियाँ

  • टेस्ट रैंकिंग से अपनी तैयारी का स्तर जल्दी समझ आता है।
  • प्रश्नों का चयन अभ्यास को अधिक लक्षित और उपयोगी बनाता है।
  • प्रदर्शन के आधार पर कमजोर विषय पहचानना आसान होता है।
  • सरल इंटरफ़ेस नए उपयोगकर्ताओं के लिए भी सुविधाजनक है।
  • छोटी अवधि के अभ्यास सत्र रोज़ाना पढ़ाई की आदत बनाते हैं।

कमियाँ

  • सभी विषयों या परीक्षाओं के लिए पर्याप्त सामग्री उपलब्ध नहीं हो सकती।
  • कुछ उन्नत सुविधाएँ इस्तेमाल करने के लिए भुगतान आवश्यक हो सकता है।
  • रैंकिंग कभी-कभी केवल सीमित उपयोगकर्ताओं के प्रदर्शन पर आधारित होती है।
  • विस्तृत समाधान न मिलने पर गलतियों से सीखना कठिन हो सकता है।
  • बेहतर अनुभव के लिए स्थिर इंटरनेट कनेक्शन की जरूरत पड़ सकती है।
विज्ञापन

Mobexer विश्लेषणकर्ता Mobexer

प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी शुरू करते समय सबसे बड़ी परेशानी अक्सर पढ़ाई की सामग्री नहीं, बल्कि सही दिशा चुनना होती है। SelectionWay x Test RanKING इसी जरूरत को ध्यान में रखकर बनाया गया शिक्षा ऐप है। मैंने इसे पहली बार इस्तेमाल करते हुए यही महसूस किया कि इसका मुख्य जोर केवल विषय पढ़ाने पर नहीं, बल्कि टेस्ट और रैंकिंग के जरिए अपनी तैयारी की स्थिति समझने पर है। अगर आप नियमित रूप से प्रश्न हल करके अपनी गति और प्रदर्शन देखना चाहते हैं, तो यह ऐप आपकी पढ़ाई की दिनचर्या में उपयोगी जगह बना सकता है।

यह ऐप Gagan Pratap Sir द्वारा विकसित किया गया है और मुफ्त में उपलब्ध है। शिक्षा श्रेणी में इसकी औसत रेटिंग 4.5 है, जबकि इसे एक मिलियन से अधिक बार इंस्टॉल किया जा चुका है। इतने बड़े उपयोगकर्ता आधार से यह साफ होता है कि ऐप को प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों के बीच अच्छी पहुंच मिली है। फिर भी, केवल लोकप्रियता के आधार पर इसे चुनना सही नहीं होगा; असली सवाल यह है कि क्या इसका टेस्ट-केंद्रित तरीका आपकी पढ़ाई की आदत से मेल खाता है।

ऐप खोलने के बाद आपको किस तरह का अनुभव मिलेगा

पहली नजर में इसका उद्देश्य सीधा समझ आता है: तैयारी को टेस्ट, प्रदर्शन और रैंकिंग के माध्यम से अधिक मापने योग्य बनाना। सामान्य पढ़ाई वाले ऐप में विद्यार्थी वीडियो देखता है, नोट्स पढ़ता है और फिर अगले अध्याय पर चला जाता है। यहां आपको अपने उत्तरों और टेस्ट प्रदर्शन को गंभीरता से देखने की जरूरत पड़ती है। यही इसकी सबसे बड़ी उपयोगिता है, क्योंकि कई बार हमें लगता है कि कोई विषय अच्छी तरह आता है, लेकिन समय-सीमा में प्रश्न हल करते समय वास्तविक कमजोरी सामने आती है।

मैं ऐसे ऐप को पढ़ाई का पूरा विकल्प नहीं मानता। SelectionWay x Test RanKING को बेहतर ढंग से इस्तेमाल करने के लिए आपको बुनियादी अवधारणाएं किसी कक्षा, किताब या अपने नोट्स से समझनी होंगी। इसके बाद टेस्ट देकर यह जांचना अधिक प्रभावी रहेगा कि आपने वास्तव में कितना सीखा है। दूसरे शब्दों में, यह ऐप पढ़ाई के बाद होने वाली जांच और सुधार की प्रक्रिया में अधिक मजबूत भूमिका निभाता है।

पहली बार उपयोग करने वाले विद्यार्थी को शुरुआत में यह तय करना चाहिए कि वह ऐप से क्या चाहता है। अगर आपका लक्ष्य केवल लंबे वीडियो देखना या विस्तृत पाठ्यक्रम पढ़ना है, तो यह अनुभव आपकी अपेक्षा जैसा नहीं हो सकता। लेकिन अगर आप यह जानना चाहते हैं कि कौन से प्रश्न गलत हो रहे हैं, समय कहां जा रहा है और आपकी तैयारी दूसरों की तुलना में कैसी दिखती है, तो इसका ढांचा अधिक उपयोगी लगेगा।

सही मानसिकता के साथ शुरुआत करें

मेरी सलाह है कि पहले टेस्ट को अपनी क्षमता का अंतिम फैसला न मानें। शुरुआती परिणाम कम आने पर कई विद्यार्थी तुरंत ऐप छोड़ देते हैं, जबकि पहला टेस्ट असल में एक आधार रेखा देता है। उसे इस तरह देखें: कौन सा विषय कमजोर है, किस प्रकार के प्रश्न में गलती होती है और क्या समस्या ज्ञान की है या जल्दबाजी की। इस नजरिए से रैंकिंग दबाव बनाने के बजाय दिशा देने लगती है।

ऐप की सामग्री को जल्दी-जल्दी पूरा करने के बजाय छोटे, नियमित सत्रों में इस्तेमाल करना बेहतर है। एक ही दिन में बहुत सारे टेस्ट देकर अगले कई दिनों तक कुछ न करना उतना उपयोगी नहीं होगा। मैंने पाया कि टेस्ट के बाद गलत उत्तरों पर लौटना, केवल नया टेस्ट शुरू करने से अधिक महत्वपूर्ण है। यही वह आदत है जो ऐप को सामान्य प्रश्न-अभ्यास से अलग बनाती है।

पहली बार सेटअप करते समय क्या करें

ऐप का वर्तमान संस्करण 4.0.5 है और यह Android 7.0 या उसके बाद के सिस्टम पर चलने के लिए बनाया गया है। इंस्टॉल करने से पहले अपने फोन का Android संस्करण देख लेना अच्छा रहेगा, खासकर अगर आपका उपकरण पुराना है। यह छोटा-सा कदम बाद में आने वाली अनावश्यक परेशानी से बचाता है। ऐप तीन वर्ष या उससे अधिक आयु के उपयोगकर्ताओं के लिए रेट किया गया है, हालांकि इसका वास्तविक उपयोग स्पष्ट रूप से प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी करने वाले विद्यार्थियों के लिए है।

पहली स्क्रीन पर जल्दबाजी में हर विकल्प खोलने के बजाय पहले ऐप की मुख्य टेस्ट व्यवस्था को समझें। यदि आप किसी परीक्षा या विषय का चुनाव कर सकते हैं, तो शुरुआत उसी क्षेत्र से करें जिसकी तैयारी आप अभी कर रहे हैं। केवल इसलिए कोई अलग विषय न चुनें कि वह आसान लगता है। शुरुआत का उद्देश्य अच्छा स्कोर बनाना नहीं, बल्कि अपनी वास्तविक स्थिति जानना होना चाहिए।

सेटअप के दौरान एक व्यावहारिक बात ध्यान में रखें: अपना अध्ययन समय पहले तय करें। उदाहरण के लिए, अगर आप रोज शाम को पढ़ते हैं, तो टेस्ट को उसी समय के आसपास करने की आदत बनाएं। इससे आपकी तैयारी केवल खाली समय भरने वाली गतिविधि नहीं रहेगी। परीक्षा में समय का दबाव महत्वपूर्ण होता है, इसलिए ऐप के टेस्ट को नियमित समय-सारिणी से जोड़ना अधिक लाभ देता है।

मैंने यह भी महसूस किया कि पहली बार उपयोगकर्ता को रैंकिंग देखकर तुरंत तुलना करने का मोह हो सकता है। शुरुआत में रैंक से ज्यादा अपने उत्तरों की गुणवत्ता देखें। अगर आपने कम प्रश्न किए लेकिन अधिकांश सही किए, तो वह संकेत अलग है; अगर आपने तेजी से प्रयास किया लेकिन गलतियां बहुत हुईं, तो सुधार की दिशा अलग होगी। रैंकिंग को संदर्भ की तरह इस्तेमाल करें, आत्म-मूल्यांकन की तरह नहीं।

पहला टेस्ट चुनने की समझदार रणनीति

पहले दिन सबसे कठिन उपलब्ध टेस्ट चुनना जरूरी नहीं है। बेहतर तरीका यह है कि ऐसा टेस्ट लें जो आपकी मौजूदा तैयारी के करीब हो। इससे आपको ऐप के प्रश्नों की शैली, समय प्रबंधन और परिणाम देखने की प्रक्रिया समझने का अवसर मिलेगा। उसके बाद कठिनाई बढ़ाना अधिक स्वाभाविक लगेगा। यह खास तौर पर उन विद्यार्थियों के लिए उपयोगी है जो लंबे अंतराल के बाद दोबारा पढ़ाई शुरू कर रहे हैं।

टेस्ट शुरू करने से पहले अनुमानित समय निकालें और बीच में दूसरी गतिविधियों से बचें। यदि आप हर कुछ मिनट में फोन बदलते रहेंगे, तो परिणाम आपकी वास्तविक क्षमता नहीं दिखाएगा। पहली कोशिश का उद्देश्य रिकॉर्ड बनाना नहीं, एक ईमानदार अभ्यास करना है। इसी कारण बिना तैयारी के टेस्ट देने से डरने की जरूरत नहीं है; वह भी तैयारी का हिस्सा है।

पहली सार्थक सफलता कैसे हासिल करें

मेरे लिए इस ऐप में पहली वास्तविक सफलता केवल अच्छा स्कोर नहीं थी। वह तब आई जब मैंने एक टेस्ट के बाद गलत उत्तरों को तीन हिस्सों में बांटा: अवधारणा नहीं आती थी, प्रश्न पढ़ने में गलती हुई, या समय के दबाव में जल्दबाजी हुई। यह छोटा-सा वर्गीकरण बहुत उपयोगी है, क्योंकि तीनों समस्याओं का समाधान अलग होता है। पहली समस्या के लिए दोबारा पढ़ना चाहिए, दूसरी के लिए प्रश्न समझने का अभ्यास और तीसरी के लिए समय-आधारित टेस्ट।

आप भी हर टेस्ट के बाद एक छोटा सुधार नोट बना सकते हैं। उसमें केवल गलत प्रश्नों की संख्या न लिखें। यह लिखें कि अगली बार किस बात पर ध्यान देना है। उदाहरण के लिए, यदि गणना वाले प्रश्नों में जल्दबाजी होती है, तो अगली बार पहले आसान प्रश्न चुनने का नियम बनाएं। अगर किसी अध्याय से बार-बार गलती हो रही है, तो नया टेस्ट देने से पहले उस अध्याय की मूल अवधारणा दोहराएं।

एक सामान्य दैनिक स्थिति की कल्पना कीजिए। आप कॉलेज या काम से लौटने के बाद केवल थोड़ा समय निकाल पाते हैं। उस दिन पूरा अध्याय पढ़ना संभव नहीं है, लेकिन आप एक छोटा टेस्ट दे सकते हैं। परिणाम देखने के बाद आपको पता चलता है कि आपकी गलती किसी एक खास विषय में है। अगले दिन आप उसी विषय को पढ़ते हैं और फिर समान प्रकार के प्रश्न हल करते हैं। इस तरह ऐप खाली समय को बिखरे हुए अभ्यास के बजाय लक्ष्य-आधारित सत्र में बदल सकता है।

रैंकिंग का उपयोग भी इसी चरण पर समझदारी से करें। यदि आपकी स्थिति ऊपर जाती है, तो इसे प्रगति का संकेत मानें, अंतिम उपलब्धि नहीं। यदि रैंक नीचे आती है, तो पहले देखें कि टेस्ट कठिन था, आपने जल्दबाजी की, या विषय नया था। दूसरों की स्थिति देखने से प्रेरणा मिल सकती है, लेकिन अपनी पिछली कोशिश से तुलना अधिक भरोसेमंद होती है।

टेस्ट के बाद की समीक्षा ही असली पढ़ाई है

कई विद्यार्थी टेस्ट पूरा होते ही अगले टेस्ट पर चले जाते हैं। यह SelectionWay x Test RanKING जैसे ऐप का सबसे कम प्रभावी उपयोग होगा। टेस्ट में दिए गए उत्तरों की समीक्षा करने के लिए अलग समय रखें। सही उत्तर भी देखें, क्योंकि कभी-कभी सही विकल्प अनुमान से चुना जाता है। अगर आप केवल गलतियों पर ध्यान देंगे, तो अपनी अनिश्चित समझ को पहचान नहीं पाएंगे।

एक उपयोगी तरीका यह है कि पहले बिना नोट्स देखे कारण समझने की कोशिश करें। फिर अपनी किताब या कक्षा सामग्री से पुष्टि करें। इससे आपको पता चलेगा कि समस्या याददाश्त की है या अवधारणा की। यह प्रक्रिया थोड़ी धीमी लग सकती है, लेकिन लंबे समय में केवल लगातार टेस्ट देने से बेहतर परिणाम देती है।

जहां नए उपयोगकर्ता अक्सर उलझते हैं

सबसे आम भ्रम यह होता है कि बेहतर रैंक का अर्थ हमेशा बेहतर तैयारी है। ऐसा जरूरी नहीं है। रैंक कई बातों से प्रभावित हो सकती है, जैसे आपने कौन सा टेस्ट चुना, कितने प्रश्न किए और कितनी सावधानी से उत्तर दिया। इसलिए रैंकिंग को अकेले पढ़ना गलत निष्कर्ष दे सकता है। अपने प्रदर्शन को प्रश्नों की शुद्धता, समय प्रबंधन और विषयवार कमजोरी के साथ देखना चाहिए।

दूसरी उलझन यह है कि विद्यार्थी ऐप को पाठ्यपुस्तक समझ लेते हैं। टेस्ट से यह पता चलता है कि आप क्या जानते हैं, लेकिन हर विषय की गहराई समझने के लिए अतिरिक्त अध्ययन जरूरी रहेगा। अगर किसी प्रश्न का उत्तर गलत हुआ, तो केवल सही विकल्प याद करना पर्याप्त नहीं है। आपको यह समझना होगा कि बाकी विकल्प क्यों गलत हैं और प्रश्न किस अवधारणा को जांच रहा था।

तीसरी समस्या बहुत अधिक टेस्ट देने की होती है। लगातार टेस्ट करने से उपलब्धि का अहसास तो मिलता है, लेकिन अगर समीक्षा नहीं की गई, तो वही गलती बार-बार दोहराई जा सकती है। मैं एक सरल नियम अपनाने की सलाह दूंगा: नया टेस्ट शुरू करने से पहले पिछले टेस्ट की मुख्य गलतियों पर लौटें। इसमें लंबा समय नहीं लगता, पर सीखने की गुणवत्ता बदल जाती है।

कभी-कभी कम स्कोर देखकर विद्यार्थी सोचते हैं कि ऐप उनके लिए कठिन है। यहां थोड़ा धैर्य जरूरी है। पहले यह जांचें कि आपने अपनी परीक्षा और विषय के अनुरूप टेस्ट चुना है या नहीं। यदि चयन सही है और फिर भी समस्या बनी रहती है, तो ऐप को अभ्यास के साथ-साथ निदान उपकरण की तरह इस्तेमाल करें। कम स्कोर कमजोरी दिखाता है; वह अपने आप में असफलता का प्रमाण नहीं है।

किस तरह के विद्यार्थी इससे सबसे अधिक लाभ पाएंगे

यह ऐप उन विद्यार्थियों के लिए खास तौर पर उपयोगी है जो पढ़ते तो नियमित हैं, लेकिन अपनी तैयारी को माप नहीं पाते। अगर आपको लगता है कि आप बहुत समय पढ़ाई में लगाते हैं, फिर भी परीक्षा के लिए तैयार होने का भरोसा नहीं बनता, तो टेस्ट और रैंकिंग आपको ठोस संकेत दे सकते हैं। इसी तरह, जो विद्यार्थी घर पर अकेले तैयारी करते हैं, उनके लिए यह अभ्यास को अधिक अनुशासित बना सकता है।

दोबारा परीक्षा देने वाले विद्यार्थियों को भी इससे लाभ मिल सकता है, क्योंकि वे अपनी पुरानी कमजोरियों को टेस्ट के जरिए पहचानकर लक्षित सुधार कर सकते हैं। शुरुआती स्तर के विद्यार्थी इसे कम दबाव वाले अभ्यास के रूप में इस्तेमाल कर सकते हैं, जबकि उन्नत विद्यार्थी समय प्रबंधन और लगातार प्रदर्शन पर ध्यान दे सकते हैं। फर्क केवल इतना है कि हर स्तर पर टेस्ट के बाद की समीक्षा का तरीका अलग होना चाहिए।

इसके विपरीत, अगर आप केवल विस्तृत व्याख्यान, गहन पाठ्यक्रम और क्रमबद्ध अध्याय-पाठ चाहते हैं, तो यह ऐप अकेला पर्याप्त नहीं लगेगा। ऐसे मामले में किताब, वीडियो कक्षा या किसी संरचित कोर्स को मुख्य साधन बनाना बेहतर होगा और इस ऐप को जांच के लिए साथ में रखा जा सकता है। इसी तरह, जिन विद्यार्थियों को रैंकिंग से अनावश्यक तनाव होता है, उन्हें परिणाम देखने का समय सीमित रखना चाहिए और व्यक्तिगत सुधार पर ध्यान देना चाहिए।

दूसरे तैयारी विकल्पों की तुलना में इसका स्थान

प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी के लिए आम तौर पर तीन रास्ते दिखते हैं: किताबों से स्व-अध्ययन, वीडियो या लाइव कक्षाएं, और टेस्ट-आधारित ऐप। SelectionWay x Test RanKING तीसरे विकल्प में अधिक स्वाभाविक रूप से फिट बैठता है। किताबें अवधारणाओं को विस्तार से समझाने में मजबूत होती हैं, कक्षाएं कठिन विषयों पर मार्गदर्शन दे सकती हैं, जबकि यह ऐप अभ्यास के बाद आपकी तैयारी को जांचने का आसान माध्यम देता है।

इसकी खासियत यह है कि परिणाम और रैंकिंग आपको निष्क्रिय पढ़ाई से बाहर निकालते हैं। किताब पढ़ते समय आपको यह भ्रम हो सकता है कि सब समझ आ गया है। टेस्ट उस भ्रम को जल्दी पकड़ सकता है। दूसरी ओर, केवल टेस्ट पर निर्भर रहने से समझ में खाली जगह रह सकती है। इसलिए मेरी नजर में इसका सबसे अच्छा उपयोग मिश्रित योजना में है: अवधारणा सीखने के लिए अपनी मुख्य सामग्री और अभ्यास व आत्म-मूल्यांकन के लिए यह ऐप।

मुफ्त उपलब्ध होना भी इसे शुरुआत करने के लिए आसान बनाता है। विद्यार्थी बिना भुगतान की बाधा के यह जांच सकता है कि टेस्ट-केंद्रित तरीका उसके लिए काम करता है या नहीं। फिर भी मुफ्त होने का अर्थ यह नहीं कि इसे बिना योजना के इस्तेमाल किया जाए। समय, समीक्षा और विषय चयन की जिम्मेदारी उपयोगकर्ता की ही रहती है। ऐप सुविधा देता है; सुधार के लिए नियमितता आपको बनानी होगी।

मेरी अंतिम राय और उपयोग का अगला कदम

मेरे अनुभव में SelectionWay x Test RanKING उन विद्यार्थियों के लिए एक व्यावहारिक शिक्षा ऐप है जो अपनी प्रतियोगी परीक्षा तैयारी को प्रश्नों और परिणामों के जरिए समझना चाहते हैं। Gagan Pratap Sir का यह ऐप मुफ्त है, Android 7.0 या उसके बाद के संस्करण पर चलता है और इसकी 4.5 की औसत रेटिंग के साथ बड़ी संख्या में उपयोगकर्ता हैं। ये बातें इसे आजमाने के लिए भरोसेमंद शुरुआती विकल्प बनाती हैं, लेकिन इसकी असली कीमत इस बात पर निर्भर करेगी कि आप टेस्ट के बाद कितना सीखते हैं।

पहले दिन मेरा सुझाया तरीका सरल है: अपनी परीक्षा से जुड़ा टेस्ट चुनें, बिना जल्दबाजी के पूरा करें, परिणाम देखें और गलतियों को कारण के आधार पर अलग करें। दूसरे दिन केवल कमजोर हिस्से पर काम करें। तीसरे चरण में उसी प्रकार के प्रश्न दोबारा हल करें और देखें कि गलती कम हुई या नहीं। पहली सार्थक सफलता तब माने जब आपको अपनी गलती का कारण समझ आने लगे, न कि केवल रैंक बढ़े।

अगर आप केवल सामग्री पढ़कर आगे बढ़ते हैं, तो यह ऐप आपकी तैयारी में जरूरी आत्म-जांच जोड़ सकता है। अगर आप पहले से किसी विस्तृत कोर्स में हैं, तो इसे नियमित टेस्ट अभ्यास के रूप में इस्तेमाल करना समझदारी होगी। लेकिन यदि आपको गहन पाठ्यक्रम-व्याख्या ही चाहिए, तो इसे मुख्य अध्ययन साधन न बनाएं। सही अपेक्षा और नियमित समीक्षा के साथ यह ऐप आपकी पढ़ाई को अधिक स्पष्ट, मापने योग्य और अनुशासित बना सकता है।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

SelectionWay x Test RanKING क्या है और यह किसके लिए उपयोगी है?

SelectionWay x Test RanKING एक परीक्षा तैयारी ऐप है, जिसका उद्देश्य प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए अभ्यास, टेस्ट और प्रदर्शन मूल्यांकन की सुविधा देना है। ऐप उन विद्यार्थियों और नौकरी aspirants के लिए उपयोगी हो सकता है जो नियमित रूप से मॉक टेस्ट हल करना, अपनी तैयारी का स्तर जांचना और कमजोर विषयों पर दोबारा अभ्यास करना चाहते हैं। डाउनलोड करने से पहले अपने लक्ष्य वाली परीक्षा और ऐप में उपलब्ध सामग्री की प्रासंगिकता अवश्य जांचें।

क्या SelectionWay x Test RanKING में मॉक टेस्ट और विषयवार अभ्यास उपलब्ध हैं?

ऐप का मुख्य फोकस टेस्ट आधारित तैयारी और रैंकिंग या प्रदर्शन तुलना पर दिखाई देता है। उपयोगकर्ता आम तौर पर विभिन्न विषयों या परीक्षाओं से जुड़े प्रश्नों का अभ्यास कर सकते हैं और टेस्ट पूरा करने के बाद अपना स्कोर देख सकते हैं। हालांकि टेस्ट की संख्या, विषयवार वर्गीकरण, समाधान और परीक्षा पैटर्न समय के साथ बदल सकते हैं, इसलिए डाउनलोड के बाद उपलब्ध सेक्शन और नवीनतम कंटेंट को ध्यानपूर्वक जांचना बेहतर रहेगा।

क्या इस ऐप में टेस्ट देने के बाद रैंक और विस्तृत परिणाम मिलते हैं?

SelectionWay x Test RanKING का एक महत्वपूर्ण आकर्षण प्रदर्शन और रैंकिंग से जुड़ी सुविधाएं हो सकती हैं। टेस्ट पूरा करने के बाद आपको सही-गलत उत्तर, प्राप्त अंक, समय और अन्य उम्मीदवारों की तुलना में अपनी स्थिति जैसी जानकारी मिल सकती है। यह सुविधा तैयारी की वास्तविक स्थिति समझने में मदद करती है, लेकिन रैंक को अंतिम परीक्षा परिणाम न मानें; इसे केवल अभ्यास और प्रतिस्पर्धात्मक प्रगति मापने का साधन समझना चाहिए।

क्या SelectionWay x Test RanKING निःशुल्क है या इसमें भुगतान वाली सुविधाएं भी हैं?

ऐप डाउनलोड करना निःशुल्क हो सकता है, लेकिन सभी टेस्ट, प्रीमियम सीरीज, विस्तृत समाधान या विशेष अध्ययन सामग्री मुफ्त हो, यह आवश्यक नहीं है। कुछ सुविधाओं के लिए सदस्यता, कोर्स खरीद या इन-ऐप भुगतान की जरूरत पड़ सकती है। इंस्टॉल करने से पहले ऐप स्टोर पर दी गई कीमत, सदस्यता की अवधि, ऑटो-रिन्यूअल नियम और रिफंड नीति पढ़ लें, ताकि बाद में अनपेक्षित शुल्क से बचा जा सके।

क्या SelectionWay x Test RanKING इस्तेमाल करने के लिए इंटरनेट और अकाउंट जरूरी है?

टेस्ट डाउनलोड करने, लॉगिन करने, परिणाम सिंक्रोनाइज़ करने और रैंकिंग देखने के लिए इंटरनेट कनेक्शन की आवश्यकता पड़ सकती है। कई परीक्षा ऐप्स में मोबाइल नंबर, ईमेल या अन्य खाते से पंजीकरण भी जरूरी होता है। यह भी जांचें कि क्या टेस्ट ऑफलाइन उपलब्ध हैं या हर प्रयास के दौरान इंटरनेट चाहिए। अकाउंट बनाते समय अपनी व्यक्तिगत जानकारी साझा करने से पहले ऐप की गोपनीयता नीति और अनुमति सेटिंग्स अवश्य पढ़ें।

विज्ञापन

डाउनलोड करें

Google Play से डाउनलोड करें App Store से डाउनलोड करें

संबंधित ऐप्स

Photomath

शिक्षा4.1प्राप्त करें

Photomath icon

यह साइट तृतीय-पक्ष ऐप्स और गेम्स के बारे में स्वतंत्र जानकारी प्रदान करती है। हमारा इनके स्वामित्व, विकास, प्रकाशन या वितरण से कोई संबंध नहीं है। सभी नाम, लोगो और ट्रेडमार्क उनके संबंधित स्वामियों के हैं। डेवलपर की जानकारी केवल संदर्भ के लिए दी गई है। अधिक जानकारी के लिए [email protected] पर डेवलपर से संपर्क करें, https://www.testranking.in/ पर जाएँ या https://www.testranking.in/privacy-policy पर उनकी गोपनीयता नीति देखें।